स्थान: खिलचीपुर गांव, आगर रोड, उज्जैन
विषय: पूर्व जन्म के कर्म, महाकाल सेवा का प्रभाव और अद्भुत सिद्धियों की प्राप्ति


📜 श्लोक:

“एकत्रिशत्तमम् विद्धि देवं खण्डेश्वम् प्रिये।
सम्पूर्णं जायते यस्य दर्शारयांव्रतादिकम्॥”

स्कन्द पुराण, त्रिशत महेश्वर महात्म्य

श्लोक का अर्थ:
हे प्रिये! जानो कि त्रिशत (84) महादेवों में 31वां शिवलिंग खंडेश्वर महादेव हैं।
जिनके दर्शन, पूजन एवं व्रत आदि से सम्पूर्ण सिद्धियाँ प्राप्त होती हैं।


📖 पौराणिक कथा – भद्राश्व, कान्तिमती और अगस्त्य मुनि की भविष्यवाणी

👑 राजा भद्राश्व और रानी कान्तिमती

त्रेतायुग में उज्जैन में भद्राश्व नामक राजा राज्य करते थे। उनकी कई रानियाँ थीं, पर रानी कान्तिमती रूप, तेज और सौंदर्य में सबसे विशेष थीं।

एक दिन उनके महल में महामुनि अगस्त्य पधारे और बोले:

“मैं यहाँ सात दिन तक ठहरूँगा।”

राजा ने उन्हें आदरपूर्वक स्वागत दिया। मुनि ने जैसे ही रानी कान्तिमती को देखा, वे किसी रहस्यमय आनंद से भर उठे और नृत्य करने लगे


❓ राजा का जिज्ञासापूर्ण प्रश्न

राजा ने आश्चर्य से पूछा:

“हे मुनिवर! ऐसा कौन सा प्रसन्नता का कारण है कि आप नृत्य करने लगे?”

अगस्त्य मुनि बोले:

“राजन, तुम लोग तो अज्ञानी हो जो मेरे भाव को नहीं समझ सके। ये सौंदर्य केवल वर्तमान जन्म की देन नहीं है।”


🔁 पूर्व जन्म की कथा – दास दासी से राजा-रानी तक

अगस्त्य मुनि ने राजा को बताया कि—

“पूर्वजन्म में तुम दोनों विदिशा में एक वैश्य के यहां दास-दासी थे।
वही वैश्य महाकाल भक्त था जो नित्य उज्जैन स्थित महाकाल वन आता था और शिवलिंग का पूजन करता था।
उसकी भक्ति के पुण्य से ही इस जन्म में तुम राजा भद्राश्व और यह दासी रानी कान्तिमती बनी।”


🛕 खंडेश्वर महादेव की स्थापना

मुनि की बात सुन राजा महाकाल वन आए और वहां दिव्य शिवलिंग के दर्शन किए।
उन्होंने श्रद्धा से खंडेश्वर महादेव का पूजन-अर्चन किया।

भगवान शिव प्रसन्न होकर बोले:

“हे राजन! तुम निष्कण्टक राज्य भोगोगे और अद्भुत सिद्धियाँ प्राप्त करोगे।”

इसी से इस लिंग का नाम श्री खंडेश्वर महादेव पड़ा।


🌟 दर्शन लाभ (Benefits of Darshan)

  • पूर्व जन्म के पापों का क्षय
  • वर्तमान जन्म में सिद्धि और सुख की प्राप्ति
  • निष्कण्टक शासन और मानसिक शांति
  • रानियों और स्त्रियों के लिए विशेष सौंदर्य लाभ की मान्यता
  • श्रावण मास में विशेष फल

📅 विशेष पर्व:

  • श्रावण सोमवार
  • शिवरात्रि
  • अगस्त्य जयन्ती

📍 मंदिर की स्थिति

श्री खंडेश्वर महादेव मंदिर
स्थान: आगर रोड, खिलचीपुर गाँव, उज्जैन, मध्य प्रदेश
कैसे पहुँचें: उज्जैन से खिलचीपुर गाँव बस या ऑटो द्वारा पहुंचा जा सकता है। मंदिर गाँव के मध्य में स्थित है।


❓FAQs (अक्सर पूछे जाने वाले प्रश्न)

Q. श्री खंडेश्वर महादेव के दर्शन से क्या लाभ होता है?
A. पूर्वजन्म के पापों का नाश, सिद्धि प्राप्ति और निष्कण्टक जीवन प्राप्त होता है।

Q. मंदिर कहाँ स्थित है?
A. उज्जैन से 10-15 किमी दूर खिलचीपुर गाँव, आगर रोड पर स्थित है।

Q. यहाँ कब दर्शन करना श्रेष्ठ होता है?
A. श्रावण मास के सोमवार और शिवरात्रि के दिन विशेष पुण्य फल प्राप्त होता है।

84 महादेव : श्री खंडेश्वर महादेव (31)
84 महादेव : श्री खंडेश्वर महादेव (31)

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